
अगर आप बोर हो रहे हैं और कुछ ऐसा देखना चाहते हैं जिसे देखकर आपका दिमाग रिलैक्स हो जाए और हंसी न रुके तो ये फिल्म आपके लिए ही बनी है। आप इसे ओटीटी प्लेटफॉर्म अमेजन प्राइम वीडियो पर देख सकते हैं।

2/7इस फिल्म का नाम 'जाति रतनालू' (Jathi Ratnalu) है। फिल्म की कहानी तीन पक्के दोस्तों के इर्द-गिर्द घूमती है— श्रीकांत, शेखर और रवि। ये तीनों खुद को बहुत बड़ा 'तीरंदाज' समझते हैं, लेकिन असल में होते बेवकूफ हैं। इनके बीच की केमिस्ट्री और फालतू की बातें सुनकर ही आपकी हंसी छूट जाती है।

3/7इस फिल्म को देखते समय अपना दिमाग घर पर छोड़ कर बैठना पड़ता है। फिल्म खुद कहती है कि इसमें कोई 'लॉजिक' नहीं है। यहां छोटी से छोटी बात का बतंगड़ बनता है और ऐसी सिचुएशन्स पैदा होती हैं जो बिल्कुल पागलपन भरी होती हैं, लेकिन जबरदस्त गुदगुदाती हैं।

4/7नवीन पॉलीशेट्टी ने इस फिल्म में जान फूंक दी है। जिस तरह से वो टूटी-फूटी अंग्रेजी झाड़ते हैं और मासूमियत के साथ बड़ी-बड़ी बातें करते हैं, वो देखने लायक है। उनके साथ राहुल रामकृष्ण और प्रियदर्शी की जोड़ी 'सोने पे सुहागा' है।

5/7आमतौर पर फिल्मों के कोर्ट सीन गंभीर होते हैं, लेकिन इसका क्लाइमेक्स वाला कोर्ट सीन इतना फनी है कि आप पेट पकड़कर हंसने लगेंगे। एक मर्डर केस की सुनवाई के दौरान जो तर्क-वितर्क और बकवास दलीलें दी जाती हैं, वो फिल्म का सबसे बड़ा हाईलाइट है।

6/7फिल्म की शुरुआत जोगिपेट (जहाँ के ये तीनों रहने वाले हैं) से होती है। छोटे शहर के लड़कों का बड़े शहर (हैदराबाद) जाकर 'सेट' होने का सपना और वहां जाकर उनके साथ जो 'मोये-मोये' होता है, उसे बहुत ही देसी तरीके से दिखाया गया है।

7/7इस फिल्म की सबसे अच्छी बात यह है कि इसमें पूरी तरह से क्लीन कॉमेडी है। इसमें कोई अश्लीलता या फालतू का खून-खराबा नहीं है। आप आराम से अपने दोस्तों या परिवार के साथ बैठकर इस 'कॉमेडी सर्कस' का मजा ले सकते हैं।
